सुसमाचार और अनुग्रह के बारे में बाइबल पद

सुसमाचार निरा अनुग्रह है — परमेश्वर का अपात्र अनुग्रह जो यीशु मसीह के द्वारा पापियों पर उंडेला गया। विश्वास के द्वारा अनुग्रह ही से तुम्हारा उद्धार हुआ है; यह परमेश्वर का दान है। ये वचन आपको ऐसे शुभ समाचार में स्थिर करते हैं जो आपकी असफलताओं से कहीं बड़ा है।

सुसमाचार — रोमियों 1:16

क्योंकि मैं सुसमाचार से नहीं लजाता, इसलिए कि वह हर एक विश्वास करनेवाले के लिये, पहले तो यहूदी, फिर यूनानी के लिये, उद्धार के निमित्त परमेश्वर की सामर्थ्य है। (2 तीमु. 1:8)

सेंत-मेंत का वरदान — रोमियों 6:23

क्योंकि पाप की मजदूरी तो मृत्यु है, परन्तु परमेश्वर का वरदान हमारे प्रभु मसीह यीशु में अनन्त जीवन है।

अनुग्रह से उद्धार — तीतुस 3:5

तो उसने हमारा उद्धार किया और यह धार्मिक कामों के कारण नहीं, जो हमने आप किए, पर अपनी दया के अनुसार, नये जन्म के स्नान, और पवित्र आत्मा के हमें नया बनाने के द्वारा हुआ।

अनुग्रह और कर्म — इफिसियों 2:9

और न कर्मों के कारण, ऐसा न हो कि कोई घमण्ड करे।

दीनों के लिए शुभ समाचार — लूका 4:18

“प्रभु का आत्मा मुझ पर है, इसलिए कि उसने कंगालों को सुसमाचार सुनाने के लिये मेरा अभिषेक किया है, और मुझे इसलिए भेजा है, कि बन्दियों को छुटकारे का और अंधों को दृष्टि पाने का सुसमाचार प्रचार करूँ और कुचले हुओं को छुड़ाऊँ, (यशा. 58:6, यशा. 61:1,2)

पर्याप्त अनुग्रह — 2 कुरिन्थियों 12:9

और उसने मुझसे कहा, “मेरा अनुग्रह तेरे लिये बहुत है; क्योंकि मेरी सामर्थ्य निर्बलता में सिद्ध होती है ।” इसलिए मैं बड़े आनन्द से अपनी निर्बलताओं पर घमण्ड करूँगा, कि मसीह की सामर्थ्य मुझ पर छाया करती रहे।

अनुग्रह पर अनुग्रह — यूहन्ना 1:16

क्योंकि उसकी परिपूर्णता से हम सब ने प्राप्त किया अर्थात् अनुग्रह पर अनुग्रह।

सेंत-मेंत धर्मी ठहराया जाना — रोमियों 3:24

परन्तु उसके अनुग्रह से उस छुटकारे के द्वारा जो मसीह यीशु में है, सेंत-मेंत धर्मी ठहराए जाते हैं।

अनुग्रह का धन — इफिसियों 2:7

कि वह अपनी उस दया से जो मसीह यीशु में हम पर है, आनेवाले समयों में अपने अनुग्रह का असीम धन दिखाए।

सिखानेवाला अनुग्रह — तीतुस 2:11-12

क्योंकि परमेश्वर का अनुग्रह प्रगट है, जो सब मनुष्यों में उद्धार लाने में सक्षम है । और हमें चिताता है, कि हम अभक्ति और सांसारिक अभिलाषाओं से मन फेरकर इस युग में संयम और धार्मिकता से और भक्ति से जीवन बिताएँ;

परमेश्वर से मेल — रोमियों 5:10

क्योंकि बैरी होने की दशा में उसके पुत्र की मृत्यु के द्वारा हमारा मेल परमेश्वर के साथ हुआ, फिर मेल हो जाने पर उसके जीवन के कारण हम उद्धार क्यों न पाएँगे?

सुसमाचार का भेद — कुलुस्सियों 1:26

अर्थात् उस भेद को जो समयों और पीढ़ियों से गुप्त रहा, परन्तु अब उसके उन पवित्र लोगों पर प्रगट हुआ है।